लोगों को कोरोना वैक्सीन के प्रति जागरूक करते कोरोना वॉरियर
लोगों को कोरोना वैक्सीन के प्रति जागरूक करते कोरोना वॉरियर

रिपोर्ट - शान्तनु कुमार सिंह

जिला - पटना

कोरोना तुम्हें भारत से दूर भगाना है
कोरोना तुम हो कितने विनाशकारी,
निष्ठुर असुर हो मानवता के शत्रु हो
हम ने भी ठाना है तुम्हे दूर भगाना है।
अब हमें कोरोना का वैक्सीन लगाना है।

कोरोना संक्रमण को रोकने और आमजन में जन-जागरूकता लाने के लिए प्रदेश के सभी जिलों में कोरोना वालेंटियर्स सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। प्रचार-प्रसार की विभिन्न गतिविधियों के साथ जनता तक यह संदेश पहुँचाया जा रहा है कि यदि मास्क नहीं पहनोगे और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करोगे, तो कोरोना हो सकता है। जन-जागरण अभियान में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर जाकर सावधानियों का संदेश देना, वैक्सीनेशन के लिये प्रोत्साहित करना और दीवार लेखन के माध्यम से भी जागरूकता का कार्य किया जा रहा है।
दुनियाभर में कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम के लिए टीकाकरण का अभियान शुरू कर दिया गया है। जिसमें से ब्रिटेन ऐसा पहला देश है जिसने कोविड वैक्सीन कार्यक्रम की शुरुआत की है। रूस ने अपने देश में ही कोरोना वैक्सीन का निर्माण किया है, जिसका नाम स्पूतनिक-5 रखा गया है। इसके साथ ही भारत में भी इस वायरस पर रोक लगाने के लिए दो प्रकार के टीके लगाए जा रहे है। जिनमें से एक कोविशील्ड एवं दूसरी कोवैक्सीन है।
सीडीसी के अनुसार, टीकाकरण का यह प्रयास ही कोरोना महामारी से निपटने का एक महत्वपूर्ण जरिया है।

ग्रामीण चिकित्सक शान्तनु कुमार सिंह और नयन रंजन सिन्हा मैनेजमेंट गुरु के द्वारा लोगों को बराबर covid वैक्सिन का टीका  लगवाने के लिये जागरूक किया जा रहा है। कोरोना वैक्सीन शरीर में पहुंच के शरीर के इम्यूनिटी सिस्टम यानी रोग प्रतिरक्षा तंत्र को प्रभावित करता है। यह शरीर में उपस्थित हानिकारक वायरस की पहचान करता है तथा वायरस के खिलाफ लड़ने के लिए शरीर में एंटीबॉडी का निर्माण करता है।

टीकाकरण की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए, सरकार ने CoWIN नामक एक एप्लिकेशन भी विकसित की है, जो कोविड -19 वैक्सीन लाभार्थियों के लिए  वैक्सीन स्टॉक, भंडारण और व्यक्तिगत ट्रैकिंग की सम्पूर्ण जानकारी प्रदान करने में मददगार साबित हो रही है। दुनिया के अधिकतर देशों ने कोरोना वायरस के प्रकोप से बचने के लिए वैक्सीन निर्माण का कार्य शुरू कर दिया है। फाइज़र द्वारा निर्मित कोविड वैक्सीन कोरोना महामारी के समक्ष 95% कारगर साबित हुई है। भारत के भारतीय दवा नियामक द्वारा फाइज़र दवा कंपनी की कोरोना वैक्सीन प्राप्त करने के लिए अनुमति दी गई है।

भारत में कोविड वैक्सीन के अभियान का तीसरा चरण शुरू हो चुका है। इससे पूर्व पहले चरण कि शुरुआत 16 जनवरी 2021 से हो गई थी। जिसमे स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित कार्यकर्ताओं का टीकाकरण करने की प्राथमिकता दी गई। इसके पश्चात 1 मार्च 2021 से इस अभियान के दूसरे चरण की शुरुआत की गई। जिसमें 45 वर्ष से अधिक उम्र वाले व्यक्तियों को वैक्सीन लगाने का कार्य आरंभ किया गया। वर्तमान में कोरोना वैक्सीन के अभियान का तीसरा चरण 1 मई से शुरू हुआ है जिसमें 18 वर्ष से अधिक उम्र वाले व्यक्तियों को वैक्सीन लगाई जाएगी।

भारत में दो कोविड वैक्सीन का कार्यक्रम आयोजित किया गया है। पहली कोवैक्सीन तथा दूसरी कोविशील्ड हैं। इस अभियान के दौरान एक ही वैक्सीन की दो डोज लगाई जा रही है। दोनों डोजों के बीच में 5-6 हफ्तों का समय निर्धारित किया गया है। कोरोना वैक्सीन के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना आवश्यक है। इसमें रजिस्ट्रेशन कराने वाले लाभार्थी को उसके रजिस्टर मोबाइल नंबर पर एस एम एस के माध्यम टीकाकरण कराने की निर्धारित तिथि, स्थान व समय के विषय में उचित जानकारी प्रदान की जाएगी।
आप सभी लोगों को नयन रंजन सिन्हा और शांतनु कुमार सिंह का अपील है कि किसी तरह की अफवाह और गलत धारणा से बचें और जल्द से जल्द कोरोना वैक्सीन लगवाए और अपने साथ साथ दूसरो को भी प्रेरित करें। क्युकी आप और हम रहेंगे खुशहाल तभी तो फिर से मुस्कुराएगा इंडिया। अपने परिवार और प्रियजन के साथ आज ही टीकाकरण में भाग ले।

सप्रेम बहुत बहुत धन्यवाद और जन जागरूकता को समर्पित।

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