पेगासस स्पाईवेयर कांड : यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) का  बड़ा बयान
पेगासस स्पाईवेयर कांड : यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) का  बड़ा बयान
लखनऊ. पेगासस स्पाईवेयर कांड (Pegasus Spyware Scandal) को लेकर देश के साथ-साथ यूपी की सियासत भी तेज हो गई है. बसपा सुप्रीमो मायावती (Mayawati) के बाद समाजवादी पार्टी के अध्‍यक्ष और यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने बड़ा बयान दिया है. उन्‍होंने कहा कि फोन की जासूसी करवाकर लोगों की व्यक्तिगत बातों को सुनना ‘निजता के अधिकार’ का घोर उल्लंघन है. अगर ये काम भाजपा करवा रही है तो ये दंडनीय है. अगर भाजपा सरकार ये कहती है कि उसे इसकी जानकारी नहीं है तो ये राष्ट्रीय सुरक्षा पर उसकी नाकामी है.

इसके अलावा अखिलेश यादव ने फोन जासूसी को लोकतांत्रिक अपराध करार दिया है. जबकि कांग्रेस, बसपा और सपा समेत देश की तमाम पार्टियों मोदी सरकार पर जमकर हमला कर रही हैं. वहीं, भाजपा भी जमकर पलटवार करते हुए नसीहत दे रही है.

मायावती ने भी सरकार पर साधा निशाना
यूपी की पूर्व सीएम मायावती ने कहा कि जासूसी का गंदा खेल व ब्लैकमेल आदि कोई नई बात नहीं किन्तु काफी महंगे उपकरणों से निजता भंग करके मंत्रियों, विपक्षी नेताओं, अफसरों व पत्रकारों आदि की सुक्षम जासूसी करना अति-गंभीर व खतरनाक मामला जिसका भंडाफोड़ हो जाने से यहां देश में भी खलबली व सनसनी फैली हुई है. वहीं उन्‍होंने अपने दूसरे ट्वीट कहा कि इसके सम्बंध में केन्द्र की बार-बार अनेकों प्रकार की सफाई, खंडन व तर्क लोगों के गले के नीचे नहीं उतर पा रहे हैं. सरकार व देश की भी भलाई इसी में है कि मामले की गंभीरता को ध्यान में रखकर इसकी पूरी स्वतंत्र व निापक्ष जांच यथाशीघ्र कराई जाए, ताकि आगे जिम्मेदारी तय की जा सके.



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बता दें कि 10 देशों के मीडिया समूह के कई पत्रकारों ने मिलकर एक खुलासा किया है जिसके तहत यह बात सामने आई है कि इजरायली कंपनी एनएसओ के स्पाईवेयर पेगासस के जरिए दुनिया भर की सरकारों ने नेताओं, मंत्रियों, जजों, पत्रकारों और प्रभावशाली लोगों की जासूसी कराई है. इसमें भारत के दो केंद्रीय मंत्रियों, 40 से अधिक पत्रकारों, विपक्ष के तीन नेताओं और एक मौजूदा न्यायाधीश सहित बड़ी संख्या में कारोबारियों और अधिकार कार्यकर्ताओं के 300 से अधिक मोबाइल नंबर हो सकता है कि हैक किए गए हों. यह रिपोर्ट रविवार को सामने आने के बाद हंगामा मचा हुआ है.

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