सूत्रों के अनुसार बीघापुर तहसील क्षेत्र के आबकारी इंस्पेक्टर पीके मौर्या के संरक्षण में अवैध शराब का कारोबार
सूत्रों के अनुसार बीघापुर तहसील क्षेत्र के आबकारी इंस्पेक्टर पीके मौर्या के संरक्षण में अवैध शराब का कारोबार
उन्नाव।
  जनपद में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के बाद अवैध कच्ची शराब की मांग बढ़ गई है जिसको लेकर बड़े शराब माफिया काफी बड़े स्तर पर अवैध कच्ची शराब बनाकर सप्लाई करने के फिराक में हैं सूत्रों की माने तो यह बड़े ठेकेदार संबंधित क्षेत्र के  आबकारी निरीक्षक की  मिलीभगत से त्रिस्तरीय पँचायत चुनावो में  बड़े  धड़ल्ले से अवैध एवं कच्ची शराब की पूर्ति कर रहे हैं। जानकारी के अनुसार जनपद के बीघापुर तहसील क्षेत्र में कई गांव में अवैध कच्ची शराब का कारोबार काफी तेजी से फल-फूल रहा है जिसकी जानकारी जनपद के आबकारी विभाग के साथ-साथ क्षेत्र के आबकारी निरीक्षक को भी है। लेकिन क्षेत्र के बड़े अवैध शराब के ठेकेदारों से मिलने वाले सुविधा शुल्क के एहसान के  चलते बीघापुर तहसील क्षेत्र के आबकारी निरीक्षक प्रदीप कुमार मौर्या  अवैध कच्ची शराब बनाने वाले बड़े ठेकेदारों के विरुद्ध  कार्रवाई करने से   बचते हुए नजर आते हैं।

अभी विगत दिवस अवैध शराब के विरुद्ध खबर  सोशल मीडिया में प्रकाशित होने के बाद बीघापुर तहसील क्षेत्र के आबकारी निरीक्षक   प्रदीप कुमार मौर्य व बिहार पुलिस द्वारा अकवारा बिंदु में चेकिंग कर लगभग 140 लीटर अवैध शराब  बरामद कर मुन्ना, सुन्दरा , राजवती,  सीमा आदि लोगों  को गिरफ्तार किया। सूत्रों की माने तो अवैध कच्ची शराब की खबर सोशल मीडिया में प्रकाशित होने के बाद बीघापुर क्षेत्र के आबकारी निरीक्षक को आबकारी अधिकारी  केके शुक्ला ने जमकर लताड़ लगाई जिसकेबाद बीघापुर तहसील क्षेत्र के आबकारी  निरीक्षक प्रदीप कुमार मौर्य ने बिहार पुलिस के साथ  अवैध कच्ची शराब बनाने वाले बड़े ठेकेदारों को बचाते हुए छुटभैये पर कार्यवाही करके अपनी साख बचाने की कोसिश की है।
सूत्रों की माने तो क्षेत्र में काफी  बड़े  स्तर पर अवैध एवं कच्ची शराब का कारोबार किया जाता है जिसकी भनक बिहार पुलिस के साथ-साथ क्षेत्र के आबकारी निरीक्षक प्रदीप कुमार मौर्य को भी है, लेकिन हमेशा की तरह यह लोग बड़े ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने की वजह छोटे पर कार्रवाई करके प्रशासन की आंखों में धूल झोंकने का काम करते हैं नाम न छापने की शर्त पर  कई लोगों ने बताया कि बड़े ठेकेदार  पंचायत चुनाव के दौरान क्षेत्र के हर गांव में अवैध कच्ची शराब की सप्लाई कर रहे हैं जिसके एवज में मोटी रकम का हिस्सा  हल्के के दरोगा  एवं आबकारी निरीक्षक को  देते हैं जिंसके एवज में  क्षेत्र के आबकारी  निरीक्षक अवैध शराब बनाने वाले बड़े ठेकेदारों को बचाने का काम करते हैं।
 

Share this story